मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने आज Mp Cabinet Meeting में किसानों को बड़ी सौगात दी है आईए जानते हैं पूरी डिटेल..
व्हाट्सऐप चैनल से जुड़े।
Mp Cabinet Meeting | आज मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव की अध्यक्षता में भोपाल में आयोजित कैबिनेट की बैठक में किसानों के हित में बड़ा फैसला लिया गया। राज्य सरकार के इस निर्णय के पश्चात किसानों को कर्ज मिलने में सहूलियत मिलेगी और प्रतिवर्ष आने वाली ओवरड्यू की समस्या से भी निजात मिलेगी। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में आयोजित कैबिनेट की बैठक (Mp Cabinet Meeting) में अन्य कई प्रस्ताव भी पारित हुए। कैबिनेट बैठक के सभी निर्णयों के बारे में आईए जानते हैं..
गुरु पूर्णिमा पर पखवाड़ा मनाया जाएगा
कैबिनेट (Mp Cabinet Meeting) फैसलों की जानकारी देते हुए एमएसएमई मंत्री चैतन्य काश्यप ने बताया कि जुलाई महीने में गुरु पूर्णिमा पखवाड़ा मनाया जाएगा। 15 जुलाई से 30 जुलाई तक होने वाले कार्यक्रमों में जिलों के प्रभारी मंत्री सांदीपनि स्कूलों में आयोजित कार्यक्रमों में शामिल होंगे।
किसानों के लिए यह हुआ बड़ा फैसला
मुख्यमंत्री डॉक्टर मोहन यादव की अध्यक्षता में आयोजित हुई इस कैबिनेट की बैठक (Mp Cabinet Meeting) में सरकार ने किसानों को जीरो प्रतिशत ब्याज पर मिलने वाले अल्पकालीन फसल ऋण की व्यवस्था में बदलाव किया है। अब खरीफ और रबी सीजन के हिसाब से अलग-अलग ऋण लेने और चुकाने की प्रक्रिया की जगह एक साल की अवधि के लिए ऋण दिया जाएगा।
इस योजना के तहत किसानों को करीब 25 हजार करोड़ रुपए का ऋण दिया जाता है, जिस पर सरकार को 880 करोड़ रुपए का अतिरिक्त भार आता है। अब ऋण की अवधि 1 अप्रैल से 31 मार्च तक मानी जाएगी। सरकार द्वारा दिए गए इस फैसले के पश्चात किसानों को अल्पकालीन कृषि ऋण जमा करने में सहूलियत होगी।
इस मामले को सुलझाने के लिए बनी संयुक्त समिति
बैठक (Mp Cabinet Meeting) में पंचायतों के तालाबों से निकलने वाली काली मिट्टी के परिवहन को लेकर मंत्रियों के बीच तीखी नोकझोंक देखने को मिली। राजस्व मंत्री करण सिंह वर्मा, पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद पटेल और जल संसाधन मंत्री तुलसी सिलावट के बीच दावे-प्रतिदावे से माहौल गर्मा गया। बाद में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मामले के निराकरण के लिए संयुक्त समिति गठित करने के निर्देश दिए।
जल गंगा संवर्धन अभियान की समीक्षा के दौरान राजस्व मंत्री करण सिंह वर्मा ने कहा कि पंचायतों में तालाबों के गहरीकरण से निकलने वाली मिट्टी के परिवहन पर जल संसाधन विभाग आपत्ति जताता है, जिससे गहरीकरण के कार्य प्रभावित हो रहे हैं। उनके इस तर्क का पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद पटेल ने समर्थन किया।
इस पर जल संसाधन मंत्री तुलसी सिलावट ने विभाग की कार्रवाई को उचित ठहराते हुए कहा कि काली मिट्टी की खुदाई के नाम पर कई स्थानों पर पीली मिट्टी का भी अवैध उत्खनन और परिवहन किया जाता है, इसलिए विभाग कार्रवाई करता है। इस पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने हस्तक्षेप करते हुए तीनों विभागों की संयुक्त समिति बनाकर यह तय करने के निर्देश दिए कि किस प्रकार की मिट्टी निकाली जा सकती है और उसके परिवहन की क्या प्रक्रिया होगी। (Mp Cabinet Meeting)
यूजीसी का ड्राफ्ट होगा तैयार
बैठक (Mp Cabinet Meeting) में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि मध्य प्रदेश में समान नागरिक संहिता (UCC) का ड्राफ्ट 5 जुलाई तक तैयार कर लिया जाएगा। इसके बाद आगामी मानसून सत्र में इसे विधानसभा में विधेयक के रूप में पेश किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कैबिनेट बैठक से पहले मंत्रियों को बताया कि समान नागरिक संहिता को लेकर अब तक 9 लाख से ज्यादा सुझाव प्राप्त हुए हैं, जिनमें करीब 90 प्रतिशत सुझाव इसके समर्थन में हैं। कैबिनेट की बैठक (Mp Cabinet Meeting) के दौरान मुख्यमंत्री ने बताया कि अल्पसंख्यक समाज की ज्यादातर महिलाओं ने भी समान नागरिक संहिता का समर्थन किया है। 30 जून तक सुझाव लेने की प्रक्रिया पूरी होगी और इसके बाद 5 जुलाई तक ड्राफ्ट तैयार किया जाएगा।
प्रदेश के 529 स्कूलों का होगा उन्नयन
कैबिनेट ने(Mp Cabinet Meeting) प्रदेश के शिक्षा क्षेत्र को लेकर बड़ा फैसला लिया है। अगले तीन सालों में 315 माध्यमिक स्कूलों को हाई स्कूल और 214 हाई स्कूलों को हायर सेकेंडरी स्कूल में अपग्रेड किया जाएगा। इसके लिए सरकार ने 635 करोड़ रुपए की राशि मंजूर की है। वर्ष 2026-27 में 75 माध्यमिक शालाओं का हाई स्कूल तथा 100 हाई स्कूल का हायर सेकेंडरी स्कूल में उन्नयन किया जाएगा।
इसके बाद आगामी 2 वर्षों 2027-28 एवं 2028-29 में भी इसी प्रकार प्रतिवर्ष 75 माध्यमिक एवं 100 हाईस्कूलों के उन्नयन पर सैद्धांतिक सहमति दी गई है। साथ ही विद्यालयों के उन्नयन के लिए अनुमानित व्यय राशि 635 करोड़ 24 लाख रुपए के प्रस्ताव पर सहमति दी गई है। कैबिनेट (Mp Cabinet Meeting) में हुए निर्णय के अनुसार विकसित मध्यप्रदेश@2047 के अंतर्गत वर्ष 2029 तक 100 प्रतिशत नामांकन दर प्राप्त करने का लक्ष्य रखा गया है।
कैबिनेट की बैठक में यह निर्णय भी लिए गए
- मुख्यमंत्री कन्यादान योजना के लिए 1740 करोड़ रुपए की मंजूरी दी गई।
- खाद्यान्न आपूर्ति के लिए 180 करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए।
- शाजापुर जिले के शुजालपुर में विधि महाविद्यालय खोलने की मंजूरी भी दी है। इसके लिए जरूरी पदों को भी स्वीकृति प्रदान की गई है।
- सांदीपनि विद्यालयों के कैचमेंट एरिया में विद्यालयों का उन्नयन नहीं किया जाएगा। सांदीपनि विद्यालय के कैचमेंट एरिया में आने वाले विद्यालयों के समस्त विद्यार्थियों का प्रवेश सांदीपनि विद्यालय में होने पर विद्यालय को अन्य आवश्यकता वाले स्थानों पर युक्तियुक्तकरण किया जाएगा।
कृषि योजना खेती किसानी, मंडी, भाव लेटेस्ट बिजनेस एवं टेक की जानकारी के लिए आप हमारे व्हाट्सएप चैनल को फॉलो कर सकते है।
व्हाट्सऐप चैनल से जुड़े।
ये भी पढ़े ..केंद्र सरकार के एक फैसले के पश्चात एमपी के कई जिलों के किसानों की चमकेगी किस्मत, डिटेल जानिए..
मूंगफली बंपर पैदावार के लिए कृषि वैज्ञानिकों ने जारी की यह सलाह..
खाद वितरण की नई नीति लागू, एक हेक्टेयर पर कितनी बोरी डीएपी और यूरिया खाद मिलेगा, जानिए..
प्रिय किसानों…! चौपाल समाचार में आपका स्वागत हैं, हम कृषि विशेषज्ञों कृषि वैज्ञानिकों एवं शासन द्वारा संचालित कृषि योजनाओं के विशेषज्ञ द्वारा गहन शोध कर Article प्रकाशित किये जाते हैं आपसे निवेदन हैं इसी प्रकार हमारा सहयोग करते रहिये और हम आपके लिए नईं-नईं जानकारी उपलब्ध करवाते रहेंगे। आप हमारे टेलीग्राम एवं व्हाट्सएप ग्रुप से नीचे दी गई लिंक के माध्यम से जुड़कर अनवरत समाचार एवं जानकारी प्राप्त करें।
नमस्कार किसान साथियों….
मेरा नाम जयदीप मालवीय है और मैं एक कॉलेज छात्र हुं। मुझे 10वीं से ही खेती किसानी पर कंटेंट लिखने में गहरी रुचि है। साथियों, हम देखते है कि कई किसान भाइयों को खेती में कम उत्पादन एवं लागत ज्यादा आती है, जिससे उन्हें मुनाफा कम होता है। इसका प्रमुख कारण अभी भी खेती का परंपरागत तरीका अपनाया जाना है। किसान साथी खेती के परंपरागत तरीके से निकल कर आधुनिक तरीके अपनाएं, तभी खेती मुनाफे का सौदा साबित होगी। किसानों को नई नई जानकारी मिलते रहे और कम लागत में उनकी आय में बढ़ोतरी हो यही मेरा मकसद है। इसी को देखते हुए मैं डिजिटल वेबसाइट के जरिए किसानों को सटीक एवं सही जानकारी देने का प्रयास करता हुं। हमारा तरीका सरल और समझने योग्य होता है, ताकि हमारे किसान भाइयों को आसानी से अच्छी-अच्छी जानकारी मिलती रहे और उन्हें किसी भी प्रकार की कोई तकलीफ ना हो। मैं पिछले 4 साल से किसानों के लिए कंटेंट लिख रहा हूं और यही चाहता हुं की मैं आगे भी ज्यादा से ज्यादा किसानों को नई नई जानकारी से अवगत करवाता रहूं।
आपके साथ के लिए धन्यवाद …





