पीएम फसल बीमा के अंतर्गत खरीफ-2025 की दावा राशि सिंगल क्लिक से अंतरित, इस Krishi Mahotsav के दौरान मुख्यमंत्री ने क्या कहा जानिए..
Krishi Mahotsav | मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने प्रदेश के 10 लाख 54 हजार किसानों के खातों में सिंगल क्लिक से 1460 करोड़ 25 लाख रुपए की राशि अंतरित की। यह प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के अंतर्गत खरीफ 2025 के फसल बीमा की दावा राशि है। मुख्यमंत्री डॉ यादव ने जगदीशपुर में मंत्री परिषद की बैठक के तुरंत बाद किसानों को यह राशि जारी की। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी किसानों के हितों की रक्षा के लिए विशेष रूप से संवेदनशील हैं। प्राकृतिक आपदाओं के कारण फसल हानि होने पर कृषकों को सहायता उपलब्ध कराने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना संचालित है।
मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि राज्य सरकार हर परिस्थिति में कृषकों के साथ है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि इस बार अल-नीनो प्रभाव के कारण अच्छे मानसून का अनुमान नहीं है। ऐसी स्थिति में किसान अपनी अधिसूचित फसलों का बीमा, निर्धारित तिथि से पहले करवा लें। इससे उपज में हानि होने की स्थिति में किसानों को वित्तीय सहायता प्राप्त हो सकेगी। राज्य सरकार (Krishi Mahotsav) किसानों के हित में लगातार कार्य कर रही है। इस दौरान मुख्यमंत्री ने राज्य के किसानों के लिए क्या कहा आईए जानते हैं..
मुख्यमंत्री ने ऑनलाइन किसानों से की चर्चा
किसान कल्याण एवं कृषि विकास मंत्री श्री एदल सिंह कंषाना ने बताया कि प्रदेश में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के अंतर्गत वर्ष 2016-17 से वर्ष 2024-25 तक 30 हजार 942 करोड़ 34 लाख रुपए का भुगतान प्रभावित किसानों को किया गया है। इसके बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने झाबुआ में बलराम कृषि महोत्सव (Krishi Mahotsav) के अंतर्गत ऑनलाइन किसानों से चर्चा की। उन्होने कहा कि सरकार किसानों की आय बढ़ाने, कृषि को लाभकारी बनाने तथा आधुनिक एवं प्राकृतिक खेती को प्रोत्साहित करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है।

उल्लेखनीय है कि “कृषक कल्याण वर्ष” (Krishi Mahotsav) के अंतर्गत प्रदेश में “बलराम कृषि महोत्सव-2026 (Krishi Mahotsav) मनाया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इंदौर से इसकी शुरूआत की। अगला बलराम कृषि महोत्सव (Krishi Mahotsav) 21 जुलाई को आलीराजपुर में, 23 जुलाई को बड़वानी, 25 जुलाई को खरगौन में, 27 जुलाई को बुरहानपुर में और 30 जुलाई को खण्डवा में आयोजित किया जायेगा।
अल्प वर्षा को लेकर प्रशासन पूरी तैयारी करें
मुख्यमंत्री ने कहा कि मौसम विभाग द्वारा इस वर्ष सामान्य से कम वर्षा की संभावना व्यक्त की गई है। ऐसी स्थिति में उन्होंने प्रशासन को पूरी तैयारी के साथ किसानों की सहायता के लिए तत्पर रहने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि किसानों को तीन लाख रुपये तक का कृषि ऋण शून्य प्रतिशत ब्याज दर पर उपलब्ध कराया जा रहा है। किसानों को मात्र पांच रुपये में बिजली कनेक्शन दिए जा रहे हैं तथा डेयरी विकास के लिए 40 लाख रुपये तक की योजना में 33 प्रतिशत अनुदान का प्रावधान किया गया है। (Krishi Mahotsav)
मुख्यमंत्री ने किसानों से आह्वान किया कि वे आधुनिक तकनीक, वैज्ञानिक सलाह, प्राकृतिक खेती और जल संरक्षण के सिद्धांतों को अपनाकर कृषि को अधिक लाभकारी बनाएं। केंद्र और राज्य सरकार किसान हितों की रक्षा तथा कृषि विकास के लिए हर संभव सहयोग देने के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है।
प्राकृतिक खेती मिशन से मिलेगा किसानों को फायदा
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के “प्राकृतिक खेती” के विजन को आगे बढ़ाते हुए राष्ट्रीय प्राकृतिक खेती मिशन (Krishi Mahotsav) के अंतर्गत झाबुआ जिले में 50 कृषि सखियों का चयन किया गया है। जिले में वर्तमान में लगभग 3,125 एकड़ क्षेत्र में प्राकृतिक खेती की जा रही है तथा किसानों की प्राकृतिक खेती का प्रमाणीकरण भी कराया गया है।
उन्होंने कहा कि “एक जिला-एक उत्पाद” योजना के माध्यम से कड़कनाथ को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने के प्रयास किए जा रहे हैं। वर्ष 2025 में जिले में कड़कनाथ पालन से एक हजार से अधिक नए हितग्राही जोड़े गए हैं।
किसानों को “खेत से कारखाने” तक की सुविधा मिलेगी
मुख्यमंत्री ने कहा कि कृषि के साथ पशुपालन किसानों की नियमित आय का मजबूत आधार बन सकता है। पशुपालन विभाग की हितग्राहीमूलक योजनाओं (Krishi Mahotsav) के माध्यम से डेयरी, बकरी पालन, मुर्गी पालन सहित अन्य गतिविधियों को बढ़ावा दिया जा रहा है, जिससे दुग्ध उत्पादन बढ़ाने के साथ किसानों की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। उन्होंने मत्स्य पालन क्षेत्र का उल्लेख करते हुए बताया कि जिले में 760 से अधिक तालाबों का विकास किया गया है, जिनमें लगभग तीन हजार हेक्टेयर क्षेत्र में मत्स्य पालन किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि नगदी फसल के रूप में कपास उत्पादन को विशेष प्रोत्साहन दिया जा रहा है। खरीफ-2026 में अब तक जिले में 23 हजार 230 हेक्टेयर क्षेत्र में कपास की बोवनी हो चुकी है, जो पिछले वर्ष के 19 हजार 888 हेक्टेयर की तुलना में लगभग 16 प्रतिशत अधिक है। उन्होंने कहा कि धार जिले के बदनावर स्थित पीएम मित्रा पार्क से झाबुआ के कपास उत्पादक किसानों को “खेत से कारखाने” तक की सुविधा मिलेगी, जिससे किसानों की आय, रोजगार एवं औद्योगिक विकास को नई गति मिलेगी। (Krishi Mahotsav)
कृषि योजना खेती किसानी, मंडी, भाव लेटेस्ट बिजनेस एवं टेक की जानकारी के लिए आप हमारे व्हाट्सएप चैनल को फॉलो कर सकते है।
व्हाट्सऐप चैनल से जुड़े।
ये भी पढ़े ..बागवानी मिशन योजना के तहत पॉलीहाउस, ट्रैक्टर, कोल्ड स्टोरेज व ड्रैगन फ्रूट के लिए आवेदन शुरू, कैसे करें आवेदन जानें..
केंद्र सरकार के एक फैसले के पश्चात एमपी के कई जिलों के किसानों की चमकेगी किस्मत, डिटेल जानिए..
खाद वितरण की नई नीति लागू, एक हेक्टेयर पर कितनी बोरी डीएपी और यूरिया खाद मिलेगा, जानिए..
प्रिय किसानों…! चौपाल समाचार में आपका स्वागत हैं, हम कृषि विशेषज्ञों कृषि वैज्ञानिकों एवं शासन द्वारा संचालित कृषि योजनाओं के विशेषज्ञ द्वारा गहन शोध कर Article प्रकाशित किये जाते हैं आपसे निवेदन हैं इसी प्रकार हमारा सहयोग करते रहिये और हम आपके लिए नईं-नईं जानकारी उपलब्ध करवाते रहेंगे। आप हमारे टेलीग्राम एवं व्हाट्सएप ग्रुप से नीचे दी गई लिंक के माध्यम से जुड़कर अनवरत समाचार एवं जानकारी प्राप्त करें।
नमस्कार किसान साथियों….
मेरा नाम जयदीप मालवीय है और मैं एक कॉलेज छात्र हुं। मुझे 10वीं से ही खेती किसानी पर कंटेंट लिखने में गहरी रुचि है। साथियों, हम देखते है कि कई किसान भाइयों को खेती में कम उत्पादन एवं लागत ज्यादा आती है, जिससे उन्हें मुनाफा कम होता है। इसका प्रमुख कारण अभी भी खेती का परंपरागत तरीका अपनाया जाना है। किसान साथी खेती के परंपरागत तरीके से निकल कर आधुनिक तरीके अपनाएं, तभी खेती मुनाफे का सौदा साबित होगी। किसानों को नई नई जानकारी मिलते रहे और कम लागत में उनकी आय में बढ़ोतरी हो यही मेरा मकसद है। इसी को देखते हुए मैं डिजिटल वेबसाइट के जरिए किसानों को सटीक एवं सही जानकारी देने का प्रयास करता हुं। हमारा तरीका सरल और समझने योग्य होता है, ताकि हमारे किसान भाइयों को आसानी से अच्छी-अच्छी जानकारी मिलती रहे और उन्हें किसी भी प्रकार की कोई तकलीफ ना हो। मैं पिछले 4 साल से किसानों के लिए कंटेंट लिख रहा हूं और यही चाहता हुं की मैं आगे भी ज्यादा से ज्यादा किसानों को नई नई जानकारी से अवगत करवाता रहूं।
आपके साथ के लिए धन्यवाद …






Me bhi ek chota sa kisan hu or me mera bhi bhut bada lach hai me es bar adhunik tarike se मिर्ची ki khetie karne ka pryas kar raha age mujhe bhi khtei ke bare me achi achi jankari dete rena
Krashi की करने के आधुनिक यंत्र के बारे में ओर शासन द्वारा उन पर चलाने वाली योजनाओं की भी जानकारी सब्सिडी वाली भी जानकारी देते रहना